JNU ki Darawani Kahani Bhoot ki | Horror Stories of JNU ~ thekahaniyahindi

JNU ki Darawani Kahani Bhoot ki | Horror Stories of JNU | जवाहर लाल नेहरू कॉलेज की डरावनी कहानी भूत की 

JNU ki Darawani Kahani Bhoot ki | Horror Stories of JNU हेलो दोस्तों कैसे हो आप सब? आपका भाई फिर हाजिर हैं एक नई और बहोत ही खतरनाक स्टोरी के साथ | दोस्तों यह स्टोरी नई जनरेशन से रिलेट करती एक सच्ची भूतिया कहानी हैं | 


तो दोस्तों आज की कहानी JNU ki Darawani Kahani Bhoot ki | Horror Stories of JNU में दिल्ली की बड़ी यूनिवर्सिटी जवाहर लाल नेहरू (JNU) की एक सच्ची घटना पर आधारित हैं | दोस्तों अगर आप Google पर JNU ki Darawani Kahani Bhoot ki सर्च कर रहे हैं तो आप बिलकुल सही जगह आये हो  | दोस्तों आज की जवाहर लाल नेहरू कॉलेज की डरावनी कहानी भूत की  बहोत ही खतरनाक कहानी होने वाली हैं | तो स्टोरी को पूरा पढ़े | 

JNU ki Darawani Kahani Bhoot ki | Horror Stories of JNU ~ thekahaniyahindi
JNU ki Darawani Kahani Bhoot ki | Horror Stories of JNU ~ thekahaniyahindi
आधुनिक समय में बुद्धिजीवी वर्ग पुरानी भूत -प्रेत, आत्मा, पुनर्जन्म जैसी धारणा को मिथ्या करार देते हुए इसपर विश्वास करने वालो को अक्सर असभ्य एवं अंधविश्वासी ठहराते  है। परंतु कैसा भी हो  - यही बुद्धिजीवी वर्ग आत्मा जैसी चीज़ पर न सिर्फ विश्वास करे अपितु इससे भयभीत होकर अपनी घुटने टेक दे।
ऐसी ही एक घटना सामने आयी भारत में बुद्धिजीवी का गढ़ कही जाने वाली Jawaharlal Nehru University से जिसके  माही  होस्टल का ROOM NO. 11 पिछले कई सालों से बंद है। ऐसा क्यों?

जवाहर लाल नेहरू कॉलेज की Darawani Kahani Bhoot ki

JNU ki Darawani Kahani Bhoot ki | Horror Stories of JNU ~ thekahaniyahindi


 Darawani Bhoot ki कहानी शुरू होती है माही होस्टल के रूम नंबर 11 में रहने वाले 2 दोस्तों सलमान और इमरान से। दोनों यूनिवर्सिटी के छात्र थे। सलमान उत्तर प्रदेश के झांसी का रहने वाला था जो spanish भाषा से MA द्वितीय वर्ष का छात्र था। इमरान दिल्ली का रहने वाला था और सलमान का सहपाठी था।

एक बार सलमान ठंडियों की छुट्टियाँ बिताने घर गया। इस दौरान सलमान ने अपना मोबाइल बंद किया हुआ था क्योंकि वो छुट्टियों का पूरा मज़ा उठाना चाहता था। छुट्टियाँ  ख़तम हुई और सलमान होस्टल वापस आया।

JNU ki Darawani Kahani Bhoot ki | Horror Stories of JNU ~ thekahaniyahindi

परंतु इमरान ने महसूस किया की सलमान का स्वभाव कुछ बदला हुआ था । उसने कक्षा में उपस्थित  होना बंद कर दिया था वो अपने दोस्तों से भी नहीं मिलता था और वो अक्सर रूम में बेड पर लेटा हुआ मिलता था। इमरान द्वारा इसकी वजह पूछे जाने पर वो ठीक से जवाब नहीं देता था।


आखिर सबको हँसाने वाले और चेहरे पर हमेशा मुस्कान लिए ठिठोलिया करने वाले सलमान के साथ ऐसा क्या हुआ की वो इतना  शांत रहने लगा। इमरान कभी कभी जब रूम में जाता तो उसे सारे कपड़े और रूम साफ़ मलते कपड़ों पर बाक़ायदा इस्त्री करके वो अलमारी में रखे हुए होते थे तथा कभी कभी साफ़ कपड़े भी कीचड़ में सने हुए फर्श की धूल चाट रहे होते। रूम इतना गंदा मिलता की उसमे सांस लेना भी मुश्किल होता।

JNU ki Darawani Kahani Bhoot ki | Horror Stories of JNU ~ thekahaniyahindi


      एक दिन इमरान को होस्टल वार्डन ने अपने कक्ष में बुला भेजा। शायद उससे कोई मिलने आया था। इमरान द्वारा वहाँ पहुँचने पर उसे पता चला की सलमान के पिता जी उससे मिलने आये हुए थे ।

Read Also
Mother's Day 2020

इमरान ने उन्हें पहचान कर उनका चरण स्पर्श किया और बोला "अंकल में अभी सलमान को बुलाता हूँ "। इतना  सुनते ही सलमान के पिता की आँखों से आँसू छलक पड़े और वो इमरान को गले लगा कर रोने लगे । विवेक स्तब्ध था। उसने सलमान के पिता के आँसू पोछते हुए पूछा "अंकल क्या हुआ ? आप क्यों रो रहे हो?"। वार्डन ने जवाब दिया "सलमान की १ महीने पहले  रोड क्रॉस करते हुए  एक्सीडेंट से उसकी मौत हो चुकी है और उसके पिता जी उसका सामान लेने आये है "। यह सुनते ही  विवेक बेहोस हो कर ज़मीन पर गिर पड़ा।

JNU ki Darawani Kahani Bhoot ki | Horror Stories of JNU ~ thekahaniyahindi


                जब उससे होश आया तो उसने बताया की सलमान छुट्टियों के बाद से उसके साथ रह रहा था। विद्यालय प्रशासन के साथ ही किसी बुद्धिजीवी विद्यार्थी ने उसपे यकीन नहीं किया। लेकिन इमरान ने वो होस्टल छोड़ दिया और उसमे न रहने का फैसला किया ।

university प्रशासन ने ये रूम दूसरे विद्यार्थियों को आवंटित कर दिया। अगले विद्यार्थियों के साथ भीं वही घटना ये हुयी जो इमरान के साथ होती रहती थी। शायद सलमान की आत्मा का मोह उस रूम के साथ मरने के बाद भी नहीं छूटा था और वो किसी दूसरे को इसमें नहीं रहने देना चाहता था।


             धीरे धीरे ये बात पूरे university में फैल गयी और अब कोई भी उसमे रहना स्वीकार नहीं करता। अब वो रूम बंद पड़ा है। रहने वाले बताते है की आज भी रात में उस रूम से सलमान की आवाज़े आती हुई सुनी जा सकती है।

JNU ki Darawani Kahani Bhoot ki | Horror Stories of JNU ~ thekahaniyahindi


अब एक ही प्रश्न उठता है की आत्मा को कोरी कल्पना समझने वाला बुद्धिजीवी वर्ग इस रूम में रहना क्यों स्वीकार नहीं करता?
तो दोस्तों उम्मीद हैं आज की JNU ki Darawani Kahani Bhoot ki आप लोगो को को जरूर पसंद आई होगी | दोस्तों अगर आप लोगो को हमारी नई सच्ची भूतिया कहानी पसंद आती हैं तो इसे Facebook, Instagram  पर जरूर शेयर करे  

दोस्तों आप भी आपकी किसी सच्ची कहानी को हमारे ब्लॉग पर पब्लिश करवाना चाहते हैं तो मेल करे हैं ashokkumarrao100@gmail.com

धन्यवाद दोस्तों 


Tags : Bhoot Pret ki Kahani Hindi, Bhoot Wali Darawni Kahaniya, Bhoot ki Kahani Lyrics in Hindi

टिप्पणी पोस्ट करें

1 टिप्पणियां

Please do not enter any spam link in the comment box.